ओरिजिनल नर्मदेश्वर नीलकंठ शिवलिंग – घर में सुख, शांति और अच्छे स्वास्थ्य के लिए
नीलकंठ नर्मदेश्वर शिवलिंग पवित्र नर्मदा नदी से प्राप्त प्राकृतिक पत्थर से बना है, जिसे स्वयंभू माना जाता है। इसकी प्राण-प्रतिष्ठा की आवश्यकता नहीं होती, इसलिए इसे घर में सीधे स्थापित करके पूजा की जा सकती है।
मान्यता है कि भगवान शिव ने समुद्र मंथन से निकला विष पीकर संसार की रक्षा की थी और तभी वे नीलकंठ कहलाए। उन्हीं के नीलकंठ स्वरूप का यह शिवलिंग घर की नकारात्मकता को दूर करने वाला माना जाता है।
इसके लाभ:
- घर के सदस्यों के बीच होने वाले झगड़े और क्लेश शांत होते हैं।
- घर में प्रेम, सामंजस्य और सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है।
- बीमारियों और रोगों से रक्षा होती है तथा परिवार का स्वास्थ्य अच्छा रहता है।
- मन को शांति मिलती है और पूजा-पाठ में एकाग्रता बढ़ती है।
पूजा विधि: शिवलिंग को घर के पूजा स्थान या उत्तर-पूर्व (ईशान कोण) दिशा में स्थापित करें। रोज़ जल या कच्चे दूध से अभिषेक करें, बेलपत्र चढ़ाएं और "ॐ नमः शिवाय" का जाप करें। सोमवार और महाशिवरात्रि पर पूजा का विशेष महत्व है।
यह शिवलिंग 100% प्राकृतिक नर्मदा पत्थर से बना, शुद्ध और असली है। इसे अपने घर में स्थापित करें और भगवान शिव की कृपा से सुख-शांति और स्वस्थ जीवन पाएं।
हर हर महादेव!